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Dixon Technologies Q4 Results: कमजोर तिमाही नतीजों के बावजूद 10 रुपये डिविडेंड का ऐलान, मार्जिन दबाव से घटा मुनाफा
Dixon Technologies Q4 Results: कमजोर तिमाही नतीजों के बावजूद 10 रुपये डिविडेंड का ऐलान, मार्जिन दबाव से घटा मुनाफा

Dixon Technologies Q4 Results: कमजोर तिमाही नतीजों के बावजूद 10 रुपये डिविडेंड का ऐलान, मार्जिन दबाव से घटा मुनाफा

Dixon Technologies Q4 Results: इलेक्ट्रॉनिक्स मैन्युफैक्चरिंग सर्विसेज (EMS) सेक्टर की दिग्गज कंपनी Dixon Technologies ने वित्त वर्ष 2025-26 की चौथी तिमाही के नतीजे जारी कर दिए हैं। कंपनी की आय में मामूली बढ़त जरूर दर्ज हुई, लेकिन बढ़ती लागत और मार्जिन पर दबाव के चलते मुनाफे में बड़ी गिरावट देखने को मिली। इसके बावजूद कंपनी ने अपने शेयरधारकों को राहत देते हुए 10 रुपये प्रति शेयर के डिविडेंड का ऐलान किया है।

Q4 में घटा मुनाफा

मार्च 2026 तिमाही में Dixon Technologies का कंसोलिडेटेड नेट प्रॉफिट सालाना आधार पर करीब 36 फीसदी घटकर 256 करोड़ रुपये रह गया। पिछले वित्त वर्ष की समान तिमाही में कंपनी ने करीब 401 करोड़ रुपये का मुनाफा दर्ज किया था। कंपनी के अनुसार बढ़ते ऑपरेटिंग खर्च और कमजोर मार्जिन का सीधा असर उसकी बॉटम लाइन पर पड़ा। हालांकि कारोबार के स्तर पर कंपनी ने स्थिर ग्रोथ बनाए रखी।

रेवेन्यू में मामूली बढ़त

कंपनी का ऑपरेशंस से रेवेन्यू मार्च तिमाही में बढ़कर 10,511 करोड़ रुपये पहुंच गया, जो पिछले साल समान अवधि में 10,293 करोड़ रुपये था। यानी सालाना आधार पर कंपनी की आय में करीब 2 फीसदी की बढ़त दर्ज हुई। वहीं कंपनी की कुल इनकम बढ़कर 10,594 करोड़ रुपये रही, जो एक साल पहले 10,303 करोड़ रुपये थी। इससे साफ है कि कंपनी के प्रोडक्ट और मैन्युफैक्चरिंग बिजनेस में मांग बनी हुई है, लेकिन लागत बढ़ने से प्रॉफिटेबिलिटी प्रभावित हुई।

EBITDA और मार्जिन में दबाव

ऑपरेटिंग प्रदर्शन की बात करें तो Dixon Technologies का EBITDA घटकर 408 करोड़ रुपये रह गया, जबकि पिछले साल समान तिमाही में यह 443 करोड़ रुपये था। इसके साथ ही EBITDA Margin भी घटकर 3.9 फीसदी पर आ गया, जो पिछले साल 4.3 फीसदी था। मार्जिन में यह गिरावट इस ओर इशारा करती है कि कंपनी को रॉ मटेरियल और कर्मचारियों से जुड़ी लागत में बढ़ोतरी का सामना करना पड़ा।

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खर्च बढ़ने से दबाव

तिमाही के दौरान कंपनी का कुल खर्च बढ़कर 10,230 करोड़ रुपये हो गए, जो पिछले साल 9,981 करोड़ रुपये थे। विशेष रूप से मटेरियल कॉस्ट और कर्मचारी खर्च में तेजी देखने को मिली। हालांकि फाइनेंस कॉस्ट घटकर 23.66 करोड़ रुपये रह गई, लेकिन डेप्रिसिएशन और अमोरटाइजेशन खर्च बढ़ने से कुल प्रॉफिटेबिलिटी प्रभावित हुई।

निवेशकों को डिविडेंड का तोहफा

कमजोर तिमाही प्रदर्शन के बावजूद कंपनी (Dixon Tech Dividend) ने निवेशकों को निराश नहीं किया। Dixon Technologies ने 10 रुपये प्रति शेयर के फाइनल डिविडेंड की घोषणा की है। कंपनी का मानना है कि लंबी अवधि में इलेक्ट्रॉनिक्स मैन्युफैक्चरिंग सेक्टर में भारत की स्थिति मजबूत होती जा रही है और इसका फायदा आने वाले वर्षों में कारोबार को मिल सकता है।

क्या है शेयर का हाल?

मंगलवार, 12 मई को Dixon Technologies के शेयर 5.89 फीसदी टूटकर 10,138 रुपये पर ट्रेड करते हुए बंद हुआ। हफ्ते भर के दौरान स्टॉक का भाव 11 फीसदी तक टूटा है। वहीं, 6 महीने के दौरान स्टॉक की कीमत में 33 फीसदी तक की गिरावट आई है। स्टॉक अपने 52-वीक हाई स्तर (18,471 रुपये) से काफी नीचे कारोबार कर रहा है। स्टॉक का 52-वीक लो स्तर 9600 रुपये है। कंपनी का मार्केट कैप 65,486 करोड़ रुपये दर्ज किया गया।

Disclaimer: ये आर्टिकल सिर्फ जानकारी के लिए है और इसे किसी भी तरह से इंवेस्टमेंट सलाह के रूप में नहीं माना जाना चाहिए। ET NOW Swadesh अपने पाठकों और दर्शकों को पैसों से जुड़ा कोई भी फैसला लेने से पहले अपने वित्तीय सलाहकारों से सलाह लेने का सुझाव देता है।

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