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TCS Nashik Case: ‘क्या तुम मेरी गर्लफ्रेंड बनोगी?’ शादीशुदा पीड़िता को आरोपी शफी शेख ने किया था प्रपोज!

TCS Nashik Case: ‘क्या तुम मेरी गर्लफ्रेंड बनोगी?’ शादीशुदा पीड़िता को आरोपी शफी शेख ने किया था प्रपोज!

Last Updated on April 18, 2026 16:02, PM by Pawan

नासिक में TCS के BPO यूनिट में यौन उत्पीड़न और जबरन धर्म परिवर्तन के आरोपों से जुड़े एक आरोपी शफी शेख पर नया आरोप लगा है। पीड़िता ने पुलिस को दिए बयान में कहा कि शफी शेख ने उसे प्रपोज किया और कहा, “मुझे तुम बहुत पसंद हो। क्या तुम मेरी गर्लफ्रेंड बनोगी?” पीड़िता पहले से शादीशुदा थी। उसने पुलिस को बताया कि शफी शेख और दूसरे आरोपी रजा मेनन ने उसके साथ अश्लील बातें कीं और भद्दी-भद्दी टिप्पणियां कीं, जिससे उसे बहुत असहजता महसूस हुई।

पुलिस ने शफी शेख का मोबाइल फोन जब्त कर लिया है ताकि मानसिक और यौनिक उत्पीड़न के आरोपों की जांच की जा सके। अभी तक सभी आरोपियों के मोबाइल फोन जब्त नहीं किए गए हैं। पुलिस तकनीकी जांच और फोरेंसिक जांच कर रही है।

गिरफ्तार आरोपी

इस मामले में कुल सात कर्मचारियों को गिरफ्तार किया जा चुका है। इनमें शामिल हैं:

  • दानिश शेख
  • शफी शेख
  • तौसिफ अत्तर
  • रजा मेमन
  • शहरुख कुरैशी
  • आसिफ अफताब अंसारी

इन सब के अलावा निदा खान (प्रोसेस एसोसिएट) भी आरोपी है और वह अभी फरार है।

शफी शेख पर जेल में हमला

शफी शेख कई सालों से TCS में बिजनेस प्रोसेस एनालिस्ट के पद पर काम कर रहा था। गुरुवार को कोर्ट में उसने आरोप लगाया कि जेल में दूसरे कैदियों ने उसकी पिटाई की है। अब उसने जेल के अंदर पुलिस सुरक्षा मांगी है। जज ने शफी शेख और रजा मेनन को 18 अप्रैल तक 2 दिन की पुलिस कस्टडी में भेज दिया है।

इन धाराओं में केस दर्ज

आरोपियों पर भारतीय न्याय संहिता (Bharatiya Nyaya Sanhita) की धारा 74 (महिला की मर्यादा भंग करना), 75 (यौन उत्पीड़न) और 79 (महिला की मर्यादा को ठेस पहुँचाने वाले शब्द, इशारा या काम) के तहत केस दर्ज किया गया है।

क्या है पूरा मामला?

यह केस मार्च में सामने आया था जब टीसीएस नासिक यूनिट की एक महिला कर्मचारी ने शिकायत की कि उसके सहकर्मी ने शादी का झांसा देकर उसके साथ शारीरिक संबंध बनाए। बाद में कुछ अन्य महिलाओं ने भी आरोप लगाए कि आरोपी उन्हें जबरन धर्म बदलने के लिए दबाव डाल रहे थे और उनके धार्मिक भावनाओं को ठेस पहुंचा रहे थे।

TCS के चेयरमैन एन. चंद्रशेखरन ने कहा कि नासिक ऑफिस से जो शिकायतें आ रही हैं, वे “बहुत गंभीर और दुखद” हैं। कंपनी की COO आरती सुब्रमण्यम इसकी पूरी जांच कर रही हैं।

महाराष्ट्र के मुख्यमंत्री देवेंद्र फडणवीस ने कहा कि सरकार ने इस मामले की जांच केंद्रीय एजेंसियों को सौंप दी है। उन्होंने भरोसा दिलाया कि दोषियों को बख्शा नहीं जाएगा और मामले की जड़ तक जाकर कार्रवाई की जाएगी।